मौके पर पहुंची पुलिस ने हालात को किया नियंत्रित
नई दिल्ली|जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय में रात डेढ़ बजे एबीवीपी और लेफ्ट छात्रों के बीच जमकर मारपीट हुई। दोनों संगठन एक दूसरे पर मारपीट का आरोप लगा रहे हैं। विश्वविद्यालय में रविवार रात को जेएनयू वीसी के इस्तीफे की मांग को लेकर समता जुलूस निकाला गया था। साथ ही पिछले एक हफ्ते से जेएनयू छात्र संघ के निष्कासित पदाधिकारियों द्वारा परिसर में धरना भी जारी है। छात्र संगठन परिसर में पत्थरबाजी और लाठी-डंडों से पीटने का भी आरोप लगा रहे हैं।भूलना जाएंगे भूल...: नई तकनीक अल्जाइमर पहचानने, इलाज में भी मददगार; वैज्ञानिकों ने नई प्रोब विकसित की एबीवीपी और लेफ्ट ने एक दूसरे पर मारपीट करने का आरोप लगाया है। छात्रों के मुताबिक, यह घटना रविवार दे रात करीब 1.30 बजे हुई, जहां स्टूडेंट्स के बीच झगड़े के बाद कथित तौर पर पत्थरबाजी में कई स्टूडेंट्स घायल हो गए।जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी में लेफ्ट-विंग ग्रुप्स और एबीवीपी वर्कर्स के बीच हुई झड़प पर जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्र संघ के जॉइंट सेक्रेटरी वैभव मीणा ने कहा कि लेफ्ट विंग की हड़ताल पिछले सात-आठ दिनों से यहां चल रही है। जिस तरह का आतंक उन्होंने रात भर फैलाया है वे स्कूलों में गए और 300-400 नकाबपोश लोगों की भीड़ ने स्टूडेंट्स को स्टडी रूम से भगा दिया। विजय नाम के युवक के साथ 100-150 लोगों की भीड़ ने मारपीट की लेकिन दिल्ली पुलिस ने मामले में कुछ नहीं किया हम इसकी निंदा करते हैं।एबीवीपी मीडिया कन्वीनर विजय जायसवाल ने कहा कि ये लेफ्ट-विंग के लोग जो 7 दिनों से प्रोटेस्ट कर रहे थे, आज उन्होंने एबीवीपी वर्कर्स और स्टूडेंट्स को टारगेट किया। करीब 100-150 लोगों ने मॉब लिंचिंग की। दिल्ली पुलिस और जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी सिक्योरिटी गार्ड भी मौजूद थे, लेकिन उन्होंने कोई एक्शन नहीं लिया। यह प्री-प्लान्ड था ये नकाबपोश लोग थे हम मांग करते हैं कि एडमिनिस्ट्रेशन इसमें शामिल सभी लोगों के खिलाफ एक्शन ले।

